
UGC NET 2025 दिसम्बर का नोटिस जारी हो चूका है जिसके बारे में जानकारी निम्नानुसार है
- UGC NET Exam क्या है?
- UGC NET Exam का उद्देश्य (Purpose of UGC NET Exam)
- संक्षेप में (In Short)
- UGC NET और CSIR NET में अंतर (Difference Between UGC NET and CSIR NET in Hindi)
- UGC NET Exam के लिए योग्यता (Eligibility Criteria)
- UGC NET Exam Pattern (UGC NET परीक्षा पैटर्न)
- UGC NET Paper 1 – सामान्य पेपर (General Paper on Teaching & Research Aptitude)
- UGC NET Paper 2 – विषय आधारित पेपर (Subject Specific Paper)
- UGC NET Exam Syllabus (UGC NET परीक्षा पाठ्यक्रम)
- UGC NET Exam के बाद करियर अवसर (Career Options After UGC NET Exam)
- UGC NET Exam की तैयारी कैसे करें (How to Prepare for UGC NET Exam)
- निष्कर्ष (Conclusion)
UGC NET Exam क्या है?
UGC NET (University Grants Commission – National Eligibility Test) एक राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा है, जिसे National Testing Agency (NTA) द्वारा आयोजित किया जाता है।
इस परीक्षा का मुख्य उद्देश्य योग्य उम्मीदवारों को Assistant Professor या Junior Research Fellowship (JRF) के लिए पात्र बनाना है।
UGC NET परीक्षा हर साल दो बार आयोजित की जाती है — June और December में।
इस परीक्षा के माध्यम से यह तय किया जाता है कि उम्मीदवार भारतीय विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में अध्यापन (Teaching) और शोध (Research) के लिए उपयुक्त हैं या नहीं।
UGC NET Exam का पूरा नाम और इतिहास
- UGC NET का पूरा नाम: University Grants Commission National Eligibility Test
- पहली बार आयोजित: 1989 में
- आयोजक संस्था: पहले CBSE (Central Board of Secondary Education), अब NTA (National Testing Agency)
- परीक्षा का स्तर: राष्ट्रीय स्तर (National Level Exam)
यह परीक्षा University Grants Commission (UGC) द्वारा अधिकृत है, जो भारत में उच्च शिक्षा की गुणवत्ता बनाए रखने वाली प्रमुख संस्था है।
UGC NET Exam किन उम्मीदवारों के लिए है?
यह परीक्षा उन उम्मीदवारों के लिए है जिन्होंने किसी भी विषय में Post Graduation (Master’s Degree) की है और जो अपने करियर को Teaching या Research के क्षेत्र में आगे बढ़ाना चाहते हैं।
उदाहरण के लिए:
अगर किसी छात्र ने M.A. (हिंदी) या M.Com. (कॉमर्स) किया है, तो वह UGC NET परीक्षा देकर उस विषय में Assistant Professor या Research Scholar बन सकता है।
UGC NET Exam का उद्देश्य (Purpose of UGC NET Exam)
UGC NET परीक्षा का उद्देश्य केवल एक परीक्षा आयोजित करना नहीं है, बल्कि देश में उच्च शिक्षा और शोध के क्षेत्र को मजबूत बनाना है।
नीचे इसके प्रमुख उद्देश्यों की जानकारी दी गई है:
1. योग्य शिक्षकों का चयन (Selection of Qualified Teachers)
UGC NET का सबसे बड़ा उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि भारत के कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में योग्य और दक्ष शिक्षक (Qualified Professors) नियुक्त हों।
यह परीक्षा उम्मीदवारों की Teaching Aptitude, Subject Knowledge और Research Ability की जाँच करती है।
2. शोध (Research) को बढ़ावा देना
जो उम्मीदवार JRF (Junior Research Fellowship) क्वालिफाई करते हैं, उन्हें रिसर्च और पीएचडी (PhD) के क्षेत्र में आर्थिक सहायता दी जाती है।
इसका मकसद है कि देश में अधिक से अधिक युवा रिसर्च कार्यों में भाग लें और विज्ञान, समाज, और शिक्षा में योगदान दें।
3. उच्च शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार
UGC NET परीक्षा यह सुनिश्चित करती है कि विश्वविद्यालयों में पढ़ाने वाले शिक्षक अकादमिक मानकों (Academic Standards) को पूरा करते हों।
इससे देशभर में शिक्षा की गुणवत्ता और रिसर्च के स्तर में निरंतर सुधार होता है।
4. शिक्षा क्षेत्र में करियर के अवसर प्रदान करना
UGC NET पास करने के बाद उम्मीदवारों के लिए कई करियर विकल्प खुलते हैं, जैसे —
- Assistant Professor
- Research Fellow
- PhD Scholar
- Academic Expert
इस प्रकार, यह परीक्षा छात्रों को एक स्थिर और प्रतिष्ठित करियर की दिशा प्रदान करती है।
संक्षेप में (In Short)
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| परीक्षा का नाम | UGC NET (University Grants Commission – National Eligibility Test) |
| आयोजक संस्था | National Testing Agency (NTA) |
| उद्देश्य | Assistant Professor और Junior Research Fellowship (JRF) के लिए पात्रता तय करना |
| परीक्षा का स्तर | राष्ट्रीय स्तर (National Level) |
| आयोजन | वर्ष में दो बार – जून और दिसंबर में |
| लाभ | Teaching और Research क्षेत्र में करियर अवसर |
UGC NET और CSIR NET में अंतर (Difference Between UGC NET and CSIR NET in Hindi)
| तुलना के बिंदु | UGC NET | CSIR NET |
|---|---|---|
| पूरा नाम (Full Form) | University Grants Commission National Eligibility Test | Council of Scientific and Industrial Research National Eligibility Test |
| आयोजक संस्था (Conducting Body) | National Testing Agency (NTA) | National Testing Agency (NTA) और CSIR (Council of Scientific & Industrial Research) |
| परीक्षा का उद्देश्य (Purpose of Exam) | कला, वाणिज्य, शिक्षा, समाजशास्त्र, प्रबंधन आदि विषयों में Assistant Professor और JRF के लिए पात्रता तय करना | विज्ञान, इंजीनियरिंग और तकनीकी विषयों में Junior Research Fellowship और Assistant Professor के लिए पात्रता तय करना |
| विषय क्षेत्र (Subject Area) | मानविकी (Humanities), सामाजिक विज्ञान (Social Sciences), वाणिज्य (Commerce), प्रबंधन (Management), शिक्षा (Education) आदि | विज्ञान (Science), जैसे – भौतिकी (Physics), रसायन (Chemistry), जीवविज्ञान (Life Science), गणित (Mathematics), पृथ्वी विज्ञान (Earth Science) |
| परीक्षा का प्रकार (Exam Type) | 2 पेपर: Paper 1 (Teaching Aptitude) + Paper 2 (Subject Based) | केवल एक पेपर जिसमें 3 भाग (A, B, C) होते हैं |
| योग्यता (Eligibility) | किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से 55% (OBC/SC/ST के लिए 50%) अंकों के साथ Master’s Degree | विज्ञान या संबंधित क्षेत्र में Master’s Degree (M.Sc., B.Tech, B.E. + M.Sc. समकक्ष) |
| JRF (Junior Research Fellowship) | शिक्षा और समाज विज्ञान के क्षेत्र में शोध के लिए | विज्ञान एवं तकनीकी विषयों में शोध (Research) के लिए |
| करियर अवसर (Career Opportunities) | विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में Assistant Professor, Researcher, Education Consultant | Research Scientist, Assistant Professor, PhD Fellow, Scientist in CSIR/DRDO/ISRO |
| परीक्षा का स्तर (Exam Level) | राष्ट्रीय स्तर (National Level) | राष्ट्रीय स्तर (National Level) |
| परीक्षा की आवृत्ति (Frequency) | वर्ष में दो बार (June और December) | वर्ष में दो बार (June और December) |
| आधिकारिक वेबसाइट | https://ugcnet.nta.ac.in | https://csirnet.nta.ac.in |
संक्षेप में अंतर (In Short Difference):
- UGC NET → Teaching और Social Research के क्षेत्र के लिए।
- CSIR NET → Science और Technical Research के क्षेत्र के लिए।
दोनों ही परीक्षाएँ भारत में उच्च शिक्षा और अनुसंधान के लिए महत्वपूर्ण हैं, लेकिन इनका विषय क्षेत्र (Subject Domain) और लक्ष्य (Purpose) अलग-अलग है।
UGC NET Exam के लिए योग्यता (Eligibility Criteria)
अब जानते हैं कि इस परीक्षा में बैठने के लिए कौन-कौन सी योग्यताएँ (Qualifications) जरूरी हैं।
1. शैक्षणिक योग्यता (Educational Qualification)
- उम्मीदवार को किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से Master’s Degree (Post Graduation) पास होनी चाहिए।
- सामान्य वर्ग (General/EWS) के उम्मीदवारों को कम से कम 55% अंक आवश्यक हैं।
- आरक्षित वर्ग (OBC, SC, ST, PwD) के उम्मीदवारों को 50% अंक तक की छूट दी जाती है।
उदाहरण:
अगर आपने M.A., M.Sc., M.Com., MBA, MCA या किसी अन्य PG Course में डिग्री ली है, तो आप आवेदन कर सकते हैं।
2. अंतिम वर्ष के छात्र (Final Year Students)
अगर कोई उम्मीदवार अभी Post Graduation के अंतिम वर्ष में है, तो वह भी UGC NET Exam के लिए आवेदन कर सकता है।
हालांकि, उसे पास होने के बाद न्यूनतम आवश्यक अंक (55% या 50%) प्राप्त करना जरूरी है।
3. आयु सीमा (Age Limit)
| पद (Post) | अधिकतम आयु सीमा (Maximum Age) | छूट (Relaxation) |
|---|---|---|
| JRF (Junior Research Fellowship) | 30 वर्ष | OBC, SC, ST, PwD और महिलाओं के लिए 5 वर्ष की छूट |
| Assistant Professor | कोई आयु सीमा नहीं | सभी उम्मीदवार पात्र हैं |
4. राष्ट्रीयता (Nationality)
उम्मीदवार को भारतीय नागरिक (Indian Citizen) होना आवश्यक है।
UGC NET Exam Pattern (UGC NET परीक्षा पैटर्न)
UGC NET Exam एक ऑनलाइन कंप्यूटर आधारित टेस्ट (CBT) होता है, जिसमें दो पेपर शामिल होते हैं —
👉 Paper 1
👉 Paper 2
दोनों पेपर एक ही सत्र (Session) में लगातार आयोजित किए जाते हैं, यानी इनके बीच कोई ब्रेक नहीं होता।
परीक्षा की मुख्य जानकारी (Exam Overview)
| परीक्षा का प्रकार | ऑनलाइन (Computer Based Test) |
|---|---|
| कुल पेपर | 2 (Paper 1 और Paper 2) |
| कुल प्रश्न | 150 प्रश्न |
| कुल अंक | 300 अंक |
| प्रत्येक प्रश्न के अंक | 2 अंक |
| नेगेटिव मार्किंग | नहीं है |
| कुल समय सीमा | 3 घंटे (एक ही सत्र में) |
| प्रश्नों का प्रकार | वस्तुनिष्ठ (Objective Type – Multiple Choice Questions) |
| भाषा | हिंदी और अंग्रेज़ी (दोनों में उपलब्ध) |
UGC NET Paper 1 – सामान्य पेपर (General Paper on Teaching & Research Aptitude)
Paper 1 सभी उम्मीदवारों के लिए समान होता है।
यह पेपर उम्मीदवार की Teaching Ability, Research Aptitude, Communication Skills, Reasoning और General Awareness को जाँचता है।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| कुल प्रश्न | 50 |
| कुल अंक | 100 |
| समय | 3 घंटे (दोनों पेपर के लिए संयुक्त) |
| प्रश्न प्रकार | वस्तुनिष्ठ (Objective) |
Paper 1 के मुख्य विषय (UGC NET Paper 1 Syllabus in Hindi)
- शिक्षण अभिरुचि (Teaching Aptitude)
- अनुसंधान अभिरुचि (Research Aptitude)
- समझ (Comprehension)
- संचार (Communication)
- गणितीय तर्कशक्ति (Mathematical Reasoning & Aptitude)
- तार्किक तर्कशक्ति (Logical Reasoning)
- डाटा व्याख्या (Data Interpretation)
- सूचना और संचार तकनीक (Information & Communication Technology – ICT)
- लोगों, पर्यावरण और विकास से संबंधित मुद्दे (People, Development & Environment)
- उच्च शिक्षा प्रणाली (Higher Education System – Governance, Polity & Administration)
UGC NET Paper 2 – विषय आधारित पेपर (Subject Specific Paper)
Paper 2 उम्मीदवार के चुने हुए विषय (Post Graduation Subject) पर आधारित होता है।
यह पेपर विषय ज्ञान (Subject Knowledge) और गहराई से समझ (Conceptual Understanding) की परीक्षा लेता है।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| कुल प्रश्न | 100 |
| कुल अंक | 200 |
| प्रश्न प्रकार | वस्तुनिष्ठ (Objective Type) |
| भाषा | हिंदी और अंग्रेज़ी दोनों में (उम्मीदवार की पसंद के अनुसार) |
UGC NET Exam Syllabus (UGC NET परीक्षा पाठ्यक्रम)
UGC NET परीक्षा का सिलेबस दो भागों में विभाजित है —
- Paper 1 Syllabus – शिक्षण और अनुसंधान क्षमता की जाँच
- Paper 2 Syllabus – विषय ज्ञान की परीक्षा
1. UGC NET Paper 1 Syllabus (सामान्य पेपर का पाठ्यक्रम)
नीचे मुख्य टॉपिक सूची दी गई है जिन्हें उम्मीदवार को Paper 1 के लिए तैयार करना चाहिए:
| क्रमांक | विषय का नाम |
|---|---|
| 1 | शिक्षण अभिरुचि (Teaching Aptitude) |
| 2 | अनुसंधान अभिरुचि (Research Aptitude) |
| 3 | समझ (Reading Comprehension) |
| 4 | संचार (Communication) |
| 5 | गणितीय एवं तार्किक तर्कशक्ति (Reasoning and Aptitude) |
| 6 | डाटा व्याख्या (Data Interpretation) |
| 7 | ICT (सूचना और संचार तकनीक) |
| 8 | पर्यावरण, समाज और विकास संबंधी मुद्दे |
| 9 | उच्च शिक्षा प्रणाली (Higher Education System) |
2. UGC NET Paper 2 Syllabus (विषय आधारित पेपर का पाठ्यक्रम)
Paper 2 का सिलेबस उम्मीदवार के चुने हुए विषय के अनुसार होता है।
UGC NET परीक्षा लगभग 80 से अधिक विषयों में आयोजित की जाती है, जिनमें शामिल हैं:
- हिंदी
- अंग्रेज़ी
- वाणिज्य (Commerce)
- अर्थशास्त्र (Economics)
- शिक्षा (Education)
- इतिहास (History)
- समाजशास्त्र (Sociology)
- राजनीति विज्ञान (Political Science)
- कंप्यूटर साइंस
- प्रबंधन (Management)
- मनोविज्ञान (Psychology)
- पर्यावरण विज्ञान (Environmental Science) आदि।
UGC NET Paper 2 के लिए सिलेबस कहाँ से डाउनलोड करें?
UGC NET का आधिकारिक सिलेबस UGC NET की आधिकारिक वेबसाइट https://ugcnet.nta.ac.in पर उपलब्ध है।
वहाँ से उम्मीदवार अपने चुने हुए विषय का नवीनतम सिलेबस PDF डाउनलोड कर सकते हैं।
UGC NET परीक्षा पैटर्न का उदाहरण (Sample Overview)
| पेपर | विषय | प्रश्नों की संख्या | कुल अंक | समय |
|---|---|---|---|---|
| Paper 1 | सामान्य पेपर (Teaching & Research Aptitude) | 50 | 100 | 3 घंटे (दोनों पेपर संयुक्त) |
| Paper 2 | विषय आधारित पेपर | 100 | 200 | |
| कुल | 150 प्रश्न | 300 अंक | 3 घंटे |
UGC NET Exam के बाद करियर अवसर (Career Options After UGC NET Exam)
UGC NET परीक्षा पास करने के बाद उम्मीदवारों के लिए शिक्षा और अनुसंधान (Education & Research) के क्षेत्र में कई शानदार करियर अवसर खुल जाते हैं।
यह परीक्षा उम्मीदवार को Assistant Professor, Junior Research Fellowship (JRF), और अन्य Academic एवं Research-based भूमिकाओं के लिए पात्र बनाती है।
आइए जानते हैं UGC NET क्वालिफाई करने के बाद मिलने वाले मुख्य करियर विकल्प —
1. Assistant Professor (सहायक प्रोफेसर)
UGC NET पास करने का सबसे प्रमुख लाभ यह है कि उम्मीदवार भारत के किसी भी विश्वविद्यालय या कॉलेज में Assistant Professor के पद पर आवेदन कर सकता है। यह पद एक स्थिर, प्रतिष्ठित और सम्मानजनक करियर विकल्प है।
वेतनमान (Salary Range): ₹45,000 – ₹1,00,000 प्रति माह (अनुभव और संस्थान के अनुसार)
अवसर: सरकारी और निजी विश्वविद्यालय, कॉलेज, और ओपन यूनिवर्सिटी
2. Junior Research Fellowship (JRF) – जूनियर रिसर्च फैलोशिप
अगर आप UGC NET में JRF क्वालिफाई करते हैं, तो आप Research (शोध) या PhD करने के लिए पात्र बन जाते हैं।
JRF उम्मीदवारों को UGC द्वारा मासिक स्टाइपेंड (Fellowship) दिया जाता है ताकि वे आर्थिक रूप से समर्थ होकर शोध कर सकें।
JRF Fellowship Amount:
- ₹31,000 प्रति माह (पहले 2 वर्ष)
- ₹35,000 प्रति माह (अगले 3 वर्ष)
साथ ही HRA (House Rent Allowance) भी दिया जाता है।
3. PhD (Doctor of Philosophy)
UGC NET या JRF पास करने के बाद आप PhD में Admission ले सकते हैं।
UGC NET क्वालिफाइड उम्मीदवारों को अक्सर PhD Entrance Exam से छूट भी मिल जाती है।
PhD पूरी करने के बाद उम्मीदवार Professor, Research Scientist, या Academic Expert के रूप में काम कर सकते हैं।
4. Public Sector Undertakings (PSUs) में नौकरी
अब कई PSU कंपनियाँ (जैसे ONGC, NTPC, BHEL, IOCL, Power Grid आदि)
UGC NET Score के आधार पर उम्मीदवारों की भर्ती करती हैं।
इन संस्थानों में आप Human Resource, Management, Research & Training से जुड़ी भूमिकाएँ निभा सकते हैं।
5. Private Sector Opportunities
UGC NET पास करने वाले उम्मीदवार Private Universities, EdTech Companies, Research Firms और Publishing Houses में भी अच्छे पदों पर कार्य कर सकते हैं, जैसे —
- Subject Matter Expert (SME)
- Content Developer
- Academic Consultant
- Education Counselor
6. Government Jobs (सरकारी नौकरियाँ)
UGC NET क्वालिफिकेशन कई सरकारी पदों के लिए अतिरिक्त योग्यता मानी जाती है।
आप UPSC, SSC, या अन्य सरकारी आयोगों के तहत शिक्षा, संस्कृति और अनुसंधान से जुड़ी नौकरियों में आवेदन कर सकते हैं।
UGC NET Exam की तैयारी कैसे करें (How to Prepare for UGC NET Exam)
UGC NET परीक्षा में सफलता पाने के लिए सही रणनीति, निरंतर अभ्यास और सटीक अध्ययन सामग्री का चयन बेहद जरूरी है। नीचे कुछ महत्वपूर्ण Preparation Tips दिए गए हैं जो आपकी तैयारी को मजबूत बना सकते हैं।
1. सिलेबस और परीक्षा पैटर्न को अच्छी तरह समझें
सबसे पहले उम्मीदवार को UGC NET Exam Pattern और Syllabus का पूरा ज्ञान होना चाहिए।
- Paper 1: Teaching & Research Aptitude
- Paper 2: Subject-based
इससे आपको यह तय करने में मदद मिलेगी कि कौन-से विषयों पर ज्यादा ध्यान देना है।
2. अध्ययन योजना (Study Plan) बनाएं
एक मजबूत Study Schedule तैयार करें —
- हर दिन कम से कम 4-5 घंटे पढ़ाई करें।
- Paper 1 और Paper 2 दोनों के लिए समय संतुलित करें।
- छोटे-छोटे टॉपिक को रोज़ कवर करें और नियमित पुनरावृत्ति (Revision) करें।
3. सही अध्ययन सामग्री चुनें
UGC NET की तैयारी के लिए हमेशा NTA UGC NET की आधिकारिक Books, Previous Year Papers, और Mock Tests का अभ्यास करें।
Recommended Resources:
- Trueman’s UGC NET Book
- Arihant Series
- UGC NET Paper 1 by KVS Madan
- UGC NET Subject Wise Books (As per your PG Subject)
4. Mock Test और Previous Year Paper हल करें
पुराने प्रश्नपत्रों को हल करने से आपको परीक्षा का पैटर्न समझने में मदद मिलती है और
समय प्रबंधन (Time Management) की क्षमता बढ़ती है।
5. Notes तैयार करें और Revision करते रहें
Short Notes बनाकर Regular Revision करें।
हर सप्ताह एक बार पुराने टॉपिक दोहराएं ताकि कुछ भी भूल न जाएँ।
6. Online Test Series का लाभ उठाएं
आजकल कई प्लेटफॉर्म (जैसे Testbook, Gradeup, Unacademy, Adda247)
UGC NET के लिए Mock Test Series और Free Practice Quizzes प्रदान करते हैं।
इनका उपयोग करें ताकि आपकी परीक्षा तैयारी और मजबूत हो।
7. समय प्रबंधन और आत्मविश्वास बनाए रखें
UGC NET परीक्षा में सफलता के लिए Consistency और Confidence सबसे महत्वपूर्ण हैं।
हर दिन निर्धारित लक्ष्य पूरा करें और सकारात्मक सोच के साथ तैयारी जारी रखें।
निष्कर्ष (Conclusion)
UGC NET Exam उन छात्रों के लिए एक सुनहरा अवसर है जो Teaching या Research के क्षेत्र में करियर बनाना चाहते हैं। अगर आपने Post Graduation पूरी कर ली है और अपने विषय में गहरी समझ रखते हैं, तो यह परीक्षा आपके लिए बिल्कुल उपयुक्त है।
यह परीक्षा न केवल अकादमिक करियर को आगे बढ़ाती है, बल्कि देश के शैक्षिक क्षेत्र में एक प्रतिष्ठित पहचान भी देती है।










